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Asafoetida Adulteration Test: खाने का स्वाद बढ़ाना हो या फिर सेहत का रखना हो ख्याल, भोजन में लगा हींग का तड़का दोनों ही काम बखूबी करता है। इतना ही नहीं हींग का प्रयोग आयुर्वेद चिकित्‍सा के दौरान कई औषधियों का निर्माण करने के लिए भी किया जाता है। पर क्या आप आप जानते हैं कई रोगों को दूर करने वाली हींग अगर असली न हो तो यह आपकी सेहत को फायदा पहुंचाने की जगह नुकसान भी पहुंचा सकती है। ऐसे में आइए जानते हैं बाजार से खरीदते समय कैसे करें अच्‍छी और खुशबूदार हींग की पहचान। 

असली और नकली हींग की पहचान करने के लिए अपनाएं ये तरीके- 

-असली हींग को पानी में घोलते ही पानी का रंग दूध की तरह सफेद हो जाता है। अगर ऐसा न हो तो समझ जाएं की हींग नकली है। 
-हींग को जलाकर भी उसके असली और नकली होने का पता लगाया जा सकता है। असली हींग जलाने पर उसकी लौ चमकदार होगी और वह आसानी से जल जाएगी। लेकिन नकली हींग आसानी से जलती नहीं है। 
-असली हींग एक बार हाथ में ली जाए तो साबून से हाथ धोने पर भी काफी देर तक उसकी महक आती रहती है। मगर नकली हींग की महक पानी से हाथ धोने पर ही चली जाती है। 

हींग का रंग-
बाजार से हींग खरीदने जा रही हैं तो याद रखें कि असली हींग का रंग हल्‍का भूरा होता है। हींग की असली पहचान करने के लिए आपको उसे घी में डालना चाहिए। घी में हींग डालते ही वह फूलने लगती है और उसका रंग हल्‍का सा लाल हो जाता है। यदि हींग में ऐसा बदलाव और रंग नजर नहीं आ रहा है तो वह नकली है। 

हींग का पाउडर या टुकड़ा-
बाजार से हींग खरीदते समय कोशिश करें कि पाउडर वाली हींग की जगह आप हींग का ढेला खरीदें। इसे आप घर पर आराम से तोड़ कर इस्‍तेमाल कर सकती हैं। दरअसल, पाउडर वाली हींग में मिलावट की संभावना ज्‍यादा होती है। कीमत में भी पाउडर वाली हींग सस्‍ती होती है। 

कैसी हींग खरीदें –
खुली या फिर पहले से तोड़ी हुई हींग खरीदने से बचें। हींग बहुत जल्‍दी पसीज जाती है। ऐसे में उसका स्‍वाद भी खराब हो जाता है। हमेशा कागज में लिपटी और टीन की डिब्‍बी या कांच के जार में बंद हींग ही खरीदें। घर पर भी हींग को इसी तरह से स्‍टोर करें। 

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By admin

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